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मंगलवार, 23 मई 2023

नये उपन्यास - may-2023

सूरज पॉकेट बुक्स के तीन नये उपन्यास
इंतजार अब खत्म हुआ 🎉🎉
पुस्तकें अब सूरज की वेबसाइट पर उपलब्ध हैं आज ही अपनी प्रतियां सुरक्षित कीजिए !!
पुस्तक विवरण :-

1. 7 जुलाई की रात (लेखक : विकास सी. एस. झा )

‘ड्रीम हाउस’ टेलीविजन की दुनियां का एक बेहद चर्चित रियलिटी शो था जहां 7 जुलाई की रात को शो के ग्रैंड फिनाले के दौरान शो की एक कंटेस्टेंट गीता भसीन की लाश ड्रीम हाउस के सेट से महज कुछ दूर पर ही पड़ी मिली थी। लोकल थाने ने लड़की की मौत को आत्महत्या करार दिया था मगर एक बार जब क्राइम ब्रांच ऑफिसर चंद्रशेखर त्यागी के कदम मौका-ए-वारदात पर पड़े तो तफ्तीश ने एक नया ही रुख अख्तियार कर लिया।
आत्महत्या के बेहद साधारण से लगने वाले इस केस ने एक बार तो त्यागी जैसे ऑफिसर को भी हैरान-परेशान कर डाला था। तफ्तीश के दौरान त्यागी के कदम जहां भी पड़े उसका सामना किसी-न-किसी लाश के साथ ही हुआ।
क्या ये वाकई एक आत्महत्या का मामला था या फिर कुछ और ही बात थी ?
एक सिलसिलेवार ढंग से हुई इन चार हत्याओं के पीछे की सच्चाई क्या थी ? जानने के लिए पढ़िए सी.एस.टी. सीरीज की नई किताब “सात जुलाई की रात”

बुधवार, 30 नवंबर 2022

नये उपन्यास- नवम्बर -2022

नमस्ते पाठक मित्रो ।

   लोकप्रिय उपन्यास साहित्य के ब्लॉग 'साहित्य देश' पर आप सभी का हार्दिक स्वागत है। आशा करता हूँ आप सभी कुशलमंगल हैं।
   लोकप्रिय साहित्य के इतिहास में कुछ और नये उपन्यासों की वृद्धि हुयी है। उन उपन्यास की सूचना यहाँ प्रस्तुत है।

 जयदेव चावरिया, मिथिलेश गुप्ता, अफजल अहमद, जितेन्द्र नाथ, लेखनी, शुभानन्द

1. जुर्म का आगाज- जयदेव चावरिया

    प्रकाशक- सूरज पॉकेट बुक्स
     जयदेव चावरिया जी का द्वितीय उपन्यास 'जुर्म का आगाज़' शीघ्र प्रकाशित होने वाला है।
जयदेव चावरिया जी का प्रथम उपन्यास 'माय फर्स्ट मर्डर केस' एक मर्डर मिस्ट्री उपन्यास था तो वहीं उनका द्वितीय उपन्यास जुर्म का आगाज एक थ्रिलर उपन्यास है जो अण्डरवर्ल्ड के काले कारनामों को उजागर करता है।

2. असायलम- अफजल अहमद, मिथिलेश गुप्ता
   
प्रकाशक- FlyDreams Publications
क्या है "असायलम : सब मरेंगे"
1970 में डॉक्टर निर्मल बनर्जी ने प्रोफेसर भास्कर के साथ मिलकर एक अंतरराष्ट्रीय ख़ुफ़िया प्रोग्राम पर काम किया था, जिसमें भारत के साथ-साथ रोमानिया और हॉलैंड जैसे देश भी शामिल थे। उन दोनों का यह खतरनाक प्रयोग बुरी तरह असफल हुआ, जिसका नतीजा यह हुआ कि इस प्रयोग में शामिल तीनों ही देश के कुल 90 बहादुर लोग न सिर्फ पागल हो गए, बल्कि उनकी जिंदगी भी खतरे में पड़ गई। उन सबको मजबूरी वश आजीवन मेन्टल असाइलम में ठूंस दिया गया।
वह प्रयोग क्या था? किस कारण वह प्रयोग असफल हो गया? मेन्टल असाइलम बनाने की जरूरत क्यों पड़ी? इन पागल हुए लोगों की पीछे की क्या कहानी है?
डॉक्टर सत्यजीत बनर्जी, जिसके पिता का इस प्रयोग में एक अहम किरदार था, वह किस तरह इन रहस्यों से पर्दा उठायेगा? भारत, हॉलैंड और रोमानिया के असाइलम का रहस्य सुलझाने में उसका साथ कौन लोग देने वाले थे?
यह डॉक्टर्स के जोखिम भरे सफर की एक ऐसी कहानी है जिसे पढ़कर आपकी रूह कांप उठेगी।

सोमवार, 26 सितंबर 2022

नये उपन्यास

 नमस्कार पाठको मित्रो,
  साहित्य देश के स्तम्भ 'नये उपन्यास' में प्रस्तुत है कुछ नये उपन्यासों की जानकारी।  और एक नये लेखक महोदय का नया उपन्यास भी आपके समक्ष प्रस्तुत है। 
1. काम्बोजनामा- राम पुजारी
प्रकाशक-      नीलम जासूस कार्यालय
      लोकप्रिय उपन्यास साहित्य के मजबूत स्तम्भ आदरणीय श्री वेदप्रकाश काम्बोज जी के लेखन से प्रेरित होकर युवा लेखक राम पुजारी जी ने काम्बोज जी की जीवनी 'काम्बोजनामा' लिखी है। 

शुक्रवार, 20 मई 2022

नये उपन्यास-2022

 नमस्ते पाठक मित्रो,
  साहित्य देश ब्लॉग पर आपका हार्दिक स्वागत है। 
नये उपन्यासों की सूचना स्तम्भ में प्रस्तुत है आपके लिए कुछ नये उपन्यासों की जानकारी। हालांकि यह पोस्ट कुछ समय पहले आ जानी चाहिए थी, पर अतिव्यस्तता के कारण देर हो गयी।

1. तीसरी आँख- कमलदीप
    प्रकाशक-      अजय पॉकेट बुक्स
       कमलदीप जी उपन्यास क्षेत्र में लंबे समय से सक्रिय हैं पर वे पर्दे के पीछे ही रहे हैं, अर्थात Ghost writing करते रहे हैं। लेकिन अब अजय पॉकेट बुक्स ने उन्हें उन्हीं के काम से प्रकाशित किया है।
तीसरी आँख एक मर्डर मिस्ट्री पर आधारित उपन्यास है। जिसमें अमन नामक डिटेक्टिव रामा पैलेस में हुये मर्डर की जांच करता है। 
      पत्थर की जुबान रखने वाले शातिर अपराधी भी अमन के आगे तोते की तरह बोलने लगता था। मुर्दे के हलक में हाथ डालकर सच्चाई उगलवाने की काबिलियत थी उसमे , वही अमन वर्मा रामा पैलेस में एक के बाद एक हो रहे क़त्ल के चक्रव्यूह में उलझ कर रह गया था। तीन -तीन क़त्ल की वारदांतो ने उस तेज तरार जासूस की खोपड़ी घुमा कर रख दी थी उसकी तीसरी आँख क्या इन क़त्ल का राज़ उजागर कर सकी...?
लेखक का स्वयं के नाम से प्रकाशित होने का यह प्रथम अवसर है। अतः पाठक मित्रों को यह उपन्यास एक बार तो अवश्य पढना चाहिये।
   एक बात और भी गौरी पॉकेट बुक्स से प्रकाशित केशव पण्डित का प्रथम उपन्यास 'सुहाग की हत्या' के रचयिता कमलदीप जी ही हैं।
किंडल लिंक- तीसरी आँख- कमलदीप

2.  हेरीटेज हाॅस्टल हत्याकाण्ड- आनंद चौधरी
   प्रकाशक- अजय पॉकेट बुक्स

मंगलवार, 15 मार्च 2022

नये उपन्यास - 2022

उपन्यास - महल
लेखक - चन्द्रप्रकाश पाण्डेय
प्रकाशक - थ्रिल वर्ल्ड
         
          जमुना के मन में संदेह के साँप ने सिर उठाया और उसकी आँखें गोल हो गयीं। पशुपति को हसीनाबाद में डेरा डाले हुए महीने भर से ऊपर हो रहा था और इस वक्फे में एक भी पल ऐसा नहीं गुजरा था, जब जमुना उसकी ओर से निश्चिंत रहा हो। पशुपति की ओर से उसे जो उजरत हासिल होती थी, उसमें इस बात का भी करार हुआ था कि वह उसके लिए दोपहर और रात का भोजन भी ले आया करेगा। जमुना इस करार को मुसलसल पूरा भी कर रहा था लेकिन आज पहली दफा हुआ था, जब भोजन के वक्त पशुपति कहीं जाने की तैयारी कर रहा था; वो भी रात के दस बजे, जब पूरा जंगल और समूचा कस्बा अँधेरे व कुहरे की दोहरी चादर ओढ़कर सो रहा था।
जमुना ने भयभीत निगाहों से पूरे चाँद की ओर देखा। कस्बे में जब से वह रहस्यमयी मेहमान आया था, तब से पूर्णमासी की रात उसके लिए खौफ और दहशत का बायस बनकर आती थी। वह इस कदर खौफ़जदा रहता था कि उस रात को आँखों ही आँखों में गुजार देता था और जब भोर की पहली किरण धरा का आलिंगन करती थी, पक्षियों का कलरव जन-जीवन को जिजीविषा का बोध कराता था तो वह यूँ लम्बी साँस लेता था, जैसे उसे नया जीवन मिला हो।
वह तुरंत एक पेड़ की ओट में हो गया और पशुपति की हरकतों पर नजर रखने लगा। दूर जंगल से कबाइलियों के नाचने-गाने की आवाजें आ रही थीं।
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गुरुवार, 30 दिसंबर 2021

नये उपन्यास- दिसंबर 2021

          Hindi Pulp Fiction के पाठकों को नमस्कार।
नववर्ष -2022 की हार्दिक शुभकामनाएं

सन् 2021 खत्म होने  वाल है और नये वर्ष का आरम्भ। इस अवसर पर सभी पाठक मित्रों को नववर्ष की हार्दिक शुभकामनाएं।

     बीता हुआ समय अपने साथ बहुत सी खट्टी-मीठी यादें छोड़ जाता है। और हम भी उन यादों के साथ मुस्कुराते हैं तो कभी आँसू बहाते हैं। लेकिन जो बीत गया सो बात गयी। 

     मनुष्य में एक प्रवृत्ति और भी है वह है नववर्ष पर संकल्प की। अक्सर हम संकल्प भी लेते हैं आगामी वर्ष के लिए, यह अलग बात है की अधिकांश मित्रों के संकल्प सिर्फ संकल्प ही रह जाते हैं, दृढ़ इच्छाशक्ति के अभाव में पूर्ण नहीं होते।

        आप भी इस वर्ष पर अगर कोई संकल्प ले रहे हैं तो उसे पूर्ण करने की कोशिश कीजिएगा।

    अब कुछ साहित्यिक चर्चा। 

   सन् 2021 जा रहा है और नववर्ष 2022 आ रहा है। साहित्य देश ब्लॉग ने हर बार कुछ नया करने की कोशिश की है। वह चाहे उपन्यास समीक्षा हो, लेखक साक्षात्कार हो, लेखक परिचय हो या कुछ और हमारा प्रयास सतत जारी है। इस वर्ष भी हमारी कोशिश रहेगी की हम ज्यादा से ज्यादा जानकारी पाठकों तक पहुंचा सके।  लेकिन इसके लिए आप पाठक मित्रों का सहयोग आवश्यक है।आज भी बहुत से लेखक और उपन्यास पाठकों की पहुंच से दूर हैं। आप के संयुक्त प्रयास से ही हम समस्त जानकारी को एकत्र कर पायेंगे। आपका एक छोटा सा सहयोग का संकल्प उपन्यास साहित्य में मील का पत्थर हो सकता है। 

आओ मिलकर उपन्यास साहित्य संरक्षण में योगदान दें।

  अब चर्चा सन् 2021 के अंतिम माह में प्रकाशित उपन्यासों की।

1. महल - चन्द्रप्रकाश पाण्डेय
    प्रकाशक- थ्रिल वर्ल्ड

        हाॅरर श्रेणी के उपन्यासों में जो प्रयोगात्मक लेखन चन्द्रप्रकाश पाण्डेय जी ने किया है वह अद्वितीय है। उनके उपन्यासों का पाठकों को इंतजार रहता है। 

   'थ्रिल वर्ल्ड' से चन्द्रप्रकाश पाण्डेय जी का उपन्यास 'महल' प्रकाशित हो रहा है।

2. बवण्डर - सुरेश चौधरी
     प्रकाशक- रवि पॉकेट बुक्स

       लोकप्रिय उपन्यास साहित्य में आज अधिकांश लेखक जासूसी लेखन कर रहे हैं वही सुरेश चौधरी जी सामाजिक उपन्यास की कमी को पूर्ण कर रहे हैं। लोकप्रिय उपन्यास साहित्य की एक विधा को जीवित रखने का सराहनीय प्रयास है।

बवण्डर - सुरेश चौधरी
प्राप्ति के लिए सम्पर्क- 9412200594

3. जीरो डिग्री- देवेन्द्र पाण्डेय
     प्रकाशक- सूरज पॉकेट बुक्स
       
लेखन के क्षेत्र में अगल पहचान स्थापित करने वाले देवेन्द्र पाण्डेय की रचनाओं का पाठकों को हमेशा इंतजार रहता है। उसी इंतजार को खत्म कर रही है उनकी नयी रचना 'जीरो डीग्री'।
दुर्गम बर्फीली घाटियों में हुयी एक दुर्घटना के दौरान भूस्खलन में दफन हो गए कुछ लोग किसी प्रकार जीवित बच गए, लेकिन जल्द ही उन्हें अहसास हो गया था कि उनके भीतर कुछ बदल चुका है। उनका सामना अपने भीतर छिपे दानव से हुआ और अब उनकी जिंदगी दूसरों के लिए बुरा सपना बन चुकी थी।
बर्फीली घाटियों में क्रूरता का एक ऐसा खेल शुरू हुआ जिसने इंसान और राक्षस की परिभाषा बदल कर रख दी।

प्राप्ति लिंक- जीरो डीग्री - देवेन्द्र पाण्डेय

4.  जुनून- विकास सी. एस. झा
     प्रकाशक- सूरज पॉकेट बुक्स

शालिनी खेतान का सरेशाम कत्ल उसके ही घर के अंदर हुआ था और जिस पर कातिल होने का शक था वो खुद कत्ल कर दिया गया। तो आखिर कौन था इन दो कत्लों के पीछे ? डबल मर्डर की ये गुत्थी पुलिस के सुलझाए न सुलझ पा रही थी। क्या ये कोई ड्रग एंगल था या फिर कुछ और ही था ? ऐसे में क्या प्राइवेट डिटेक्टिव अश्विन ग्रोवर कामयाब हो पाता है कत्ल की इस गुत्थी को सुलझाने में ? कहीं खुद उसकी क्लाइंट ही तो नहीं इन सब बातों के पीछे ? लालच, महत्वकांक्षा और जुनून की एक ऐसी रहस्यमय गाथा जो आपको रोमांच के समुंदर की गहराइयों तक लेकर जाएगी। डबल मर्डर की इस पूरी दास्तान को जानने के लिए पढ़िए विकास सी एस झा द्वारा लिखित अश्विन ग्रोवर सीरीज का पहला उपन्यास ‘जुनून – ए मर्डर मिस्ट्री’

प्राप्ति लिंक- जुनून- विकास सी. एस. झा


5. दी सुसाइड केस- सुप्रिया प्रवाह
   प्रकाशक- सूरज पॉकेट बुक्स

   हिमालय यात्रा से आने के सिर्फ तीन दिन बाद ही सुपरस्टार आरव की लाश रेल की पटरी पर मिलती है। आरव की संदेहास्पद मौत की जाँच करते हुए उसकी एक्स गर्लफ्रेंड एसीपी कलसी, उसका दोस्त दीपक व उसका वकील अरुणाचल पहुंचते है । नन्हे लामा और वकील के लापता होते ही एसीपी कलसी के शक की सुई वकील पर अटक जाती है। आखिर क्या है आरव की मौत का राज?
मुंबई से अरुणाचल, नेपाल, तिब्बत, कैलाश और फिर मुंबई से इंदौर, रुड़की तक के इस रोमांचक रहस्यमई यात्रा में मर्डर मिस्ट्री के साथ दोस्ती, प्यार, व्यथा और भावुकता है। यह अद्भुत कहानी है एक मानव जीवन के संघर्ष, उसके जीने की इच्छा और आत्मदर्शन की।
6. गैंग आॅफ फोर- सुरेन्द्र मोहन पाठक
      सुरेन्द्र मोहन पाठक जी की चर्चा के बिना तो यह स्तम्भ अधूरा है। लोकप्रिय साहित्य में एक सशक्त स्तम्भ हैं सुरेन्द्र मोहन पाठक।
    पाठक जी का विमल सीरीज का 46 वां उपन्यास है।
प्राप्ति लिंक - Gang OF Four
   


 सुरेन्द्र मोहन पाठक जी की दो बाल साहित्यिक रचनाएँ लगभग चासीस वर्ष पश्चात साहित्य विमर्श द्वारा पुनः प्रकाशित हो रही हैं।

- कुबड़ी बुढिया की हवेली
- बेताल और शहजादी

बुधवार, 8 सितंबर 2021

नये उपन्यास-2021

कुछ नये और रिप्रिंट उपन्यासों की सूचना

साहित्य देश के समस्त पाठकों को नमस्कार।
एक बार हम पुनः उपस्थित हैं, आपके लिए कुछ उपन्यासों की सूचना लेकर।
1. माय फर्स्ट मर्डर केस- जयदेव चावरिया

    प्रकाशक- सूरज पॉकेट बुक्स
    मूल्य -220, 160₹

यह एक जासूसी उपन्यास है। इसी उपन्यास के साथ उपन्यास साहित्य में एक लेखक का पदार्पण हो रहा है।
   जयदेव चावरिया इस से पूर्व कुछ सोशल साइटों पर लिखते रहें है, पर उपन्यास के रूप में यह उनका प्रथम‌ प्रयास है।


जूलरी शॉप के मालिक अशोक नंदा को एक रात किसी ने वक़्त से पहले परलोक पहुंचा दिया। पुलिस को पक्का शक था कि खून उसके दोनों बेटो में से किसी एक ने ही किया है । फिर कहानी में दखल होता है ऐसे जासूस का जिसका अशोक नंदा मर्डर केस पहला मर्डर केस था। जिसने जासूस को यह केस सौंपा उसे खुद यकीन नहीं था कि वह यह केस हल कर पायेगा।

अशोक नंदा का खून किसने किया ? क्या पुलिस कातिल को पकड़ पाई ? क्या जासूस अपना पहला मर्डर केस हल कर सका ? या यह केस उसका आखिरी केस साबित हुआ ?
एक ऐसी मर्डर मिस्ट्री जिसमें आप उलझकर रह जायेंगे।

 Order Link- माय फर्स्ट मर्डर केस- जयदेव चावरिया


2. कंकाल टाइगर- परशुराम शर्मा
    प्रकाशक- सूरज पॉकेट बुक्स
     श्रेणी- हाॅरर
     मूल्य- 350,  270₹
       परशुराम शर्मा जी का यह नवीनतम हाॅरर उपन्यास है।

तीसरे विश्वयुद्ध में दो सेनायें आमने-सामने हैं।

रविवार, 11 अप्रैल 2021

नये उपन्यास- अप्रैल 2021

 नये उपन्यास- अप्रैल 2021

  इस  माह में कुछ नये उपन्यासों की जानकारी प्राप्त हुयी है।
1. जा चुडैल- देवेन्द्र पाण्डेय
    प्रकाशन- सूरज पॉकेट बुक्स
   अमेजन लिंक- जा चुडैल
    देवेन्द्र पाण्डेय जी की हर रचना पूर्व रचना से अलग हटकर होती है।
   इस बार वह लाये हैं एक हास्य हाॅरर कथा।
अगर आप को हास्य पसंद है हाॅरर पसंद है तो यह रचना आपके लिए ही है।
पढे और आनंद लें।
2. द ट्रेल- अजिंक्य शर्मा
    प्रकाशन- eBook on Kindle
अमेजन ‌लिंक- द ट्रेल
  मर्डर मिस्ट्री के तौर पर अपनी अपनी अलग पहचान स्थापित कर चुके अजिंक्य शर्मा जी का यह सातवा उपन्यास किंडल पर आ चुका है।
  हर बार की तरह इस बार भी कुछ नया पढने को मिलेगा।
पाठक संजय आर्य के शब्दों में-
द ट्रेल - अजिंक्य शर्मा

" एक और नई मर्डर मिस्ट्री जिसमे रहस्य के साथ जज्बातों का सैलाब भी है जिसमे आप खो जाएंगे । कातिल को पकड़ने में इस बार पाठकों को बहुत मशक्कत करनी होगी । अंत काफी चौकाने वाला है ।"
द ट्रेल अजिंक्य शर्मा का सातवां उपन्यास है और  उनके पहले उपन्यास "मौत अब दूर नही " को पाठकों से अच्छा प्रतिसाद मिला था जिसके कारण  लेखक से पाठकों की उम्मीद बढ़ गई थी जिस पर
"द ट्रेल ' के माध्यम से लेखक 100 प्रतिशत खरे उतरे है ।और मिस्ट्री लेखक के रूप में अपना सिक्का एक बार फिर से जमाने मे सफल रहे है।
"द ट्रेल " को मैंने एक बार पढ़ना शुरू किया तो खत्म करके ही माना। उपन्यास का अंत काफी हैरत अंगेज है  उनके अन्य उपन्यास से इतर इसमें जज्बातों का तूफान भी है । ऐसी "मर्डर मिस्ट्री" की आप भी खुद को जासूस मानते हुवे कातिल की तलाश करने लग जाएंगे।

रंजीत विस्वास  एक प्रसिद्ध मिस्ट्री लेखक है और पब्लिशिंग हाउस का मालिक है ।एक रात अचानक उसका खून हो जाता है और वह दीवार पर लिखकर जाता है
"United we rise "   जबकि कोई भी मरने से पहले अपने कातिल का नाम लिखना चाहेगा।
घटना स्थल पर मिलते है सिर्फ जूतों के निशान और रंजीत विस्वास के गले में फंसे कांच के टुकड़े
जिसके बाद शुरू होती है मर्डर की इन्वेस्टीगेशन और इंस्पेक्टर हितेश कश्यप इसमें तब उलझ कर रह जाता है जब एक संदिग्ध कातिल की भी हत्या हो जाती है।
इस केस में एक के एक मोड़ आते है और रंजीत विस्वास की सेक्रेटरी और उसकी विस्वास पात्र शैली पर जब शक की सुई जाती है तो.एक के बाद एक खुलासे होते है।
कहानी के बारे में ज्यादा बताना पाठकों के साथ नाइंसाफी होगी ।
शुरू से आखरी तक रहस्य को बनाकर रखने में लेखक सफल हुवे है और शैली का पात्र पाठकों को खूब पसंद आने वाला है और बरबस ही आपको वेदप्रकाश शर्मा की विभा जिंदल की याद दिला देती है।
"कातिल कितना ही शातिर हो वो अपने पीछे सबूत छोड़ ही जाता है " और अंततः पकड़ा जाता है।
रंजीत विस्वास को किसने मारा?
क्यो रंजीत विस्वास ने लिखा "united we rise"
दो दो खून  की साजिश के पीछे कौन था ?
ताज का क्या रहस्य था?
इसके लिए आपको उपन्यास पढ़ना होगा।
उपन्यास किंडल पर उपलब्ध है।
3. विषकन्या- चन्द्रप्रकाश पाण्डेय
      प्रकाशन- थ्रिल वर्ल्ड
    चन्द्र प्रकाश पाण्डेय जी का नया उपन्यास 'विषकन्या' थ्रिल वर्ल्ड पब्लिकेशन से आया है।
   ज्ञातव्य हो कि 'विषकन्या' पूर्व प्रकाशित उपन्यास 'अवंतिका' की अगली कड़ी है, जिसकी प्रतीक्षा पाठकों को लम्बे अर्से से थी।
  इसी के साथ पाण्डेय जी के दो रिप्रिंट भी आ रहे हैं

'आवाज' किंडल पर प्रकाशित लघु-उपन्यास है, जिसका पेपरबैक संस्करण अब थ्रिल वर्ल्ड द्वारा प्रकाशित किया जा रहा है।

यद्यपि 'मौत के बाद' अमेजन प्राइम पर भी उपलब्ध है किन्तु पाठकों तक वाजिब दाम में पुस्तकें पहुंचाने के प्रयास के अंतर्गत 'थ्रिल वर्ल्ड' द्वारा इस रचना का भी डायरेक्ट ऑर्डर लिया जा रहा है।
      पोस्टर में दिए गये नम्बर पर भुगतान करने के पश्चात उसी नम्बर पर पेमेंट कन्फर्मेशन के साथ अपना शिपिंग एड्रेस भेजें। किसी भी व्यक्तिगत दुविधा या समस्या के निदान के लिए कृपया 8528578186 पर मैसेज करें।
पुस्तकों के जॉनर की जानकारी अधोलिखित है:
विषकन्या (माइथालॉजिकल थ्रिलर)
आवाज (पैरानॉर्मल थ्रिलर)
मौत के बाद (हॉरर थ्रिलर)

सोर्स ऑफ इन्फॉर्मेशन:- @Thrill World Publication WA Group

शनिवार, 27 फ़रवरी 2021

नये उपन्यास- मार्च 2021

 सन् 2021 उपन्यास साहित्य के लिए बहुत अच्छा साबित हो रहा है।

पाठकों के लिए नित नये उपन्यास आये रहे हैं। जहाँ नये लेखकों के नये उपन्यास प्रकाशित हुये हैं वहीं कुछ रिप्रिंट भी सामने आये हैं।
 यहाँ प्रस्तुत है इन दिनों प्रकाशित और कुछ नये आने वाले उपन्यासों की चर्चा।
  1. कत्लोगारत- अनिल गर्ग
      प्रकाशक- कहानी जंक्शन
       हार्डकाॅपी में प्रकाशित होने वाला अनिल गर्ग जी का यह द्वितीय उपन्यास है। अनिल गर्ग जी ने उपन्यास साहित्य में online प्लेटफार्म के माध्यम से प्रवेश किया है। इस से पूर्व उपन्यास एक उपन्यास 'एक लाश सौ दुश्मन' हार्ड काॅपी के रूप में आ चुका है।
  कत्लोगारत एक सस्पेंश से भरा रोचक उपन्यास है।
2. मैं अपराधी जन्म का- सुरेन्द्र मोहन पाठक
    पाठक जी का यह उपन्यास विमल सीरीज का है। 

 अमेजन लिंक-     मैं अपराधी जन्म का

3. नाचती चिनगारियां- आबिद रिजवी
    प्रकाशक- फ्लाई ड्रिम्स 
  लोकप्रिय उपन्यास साहित्य के इनसाइक्लोपीडिया कहे जाने वाले आबिद रिजवी की एक बेहतरीन रचना है।
   यह उनके उपन्यास 'फोमांचू चिंगारियों के देश में' और 'चिनगारियों का नाच' का संयुक्त संस्करण हैैैै।

रविवार, 25 अक्टूबर 2020

नये उपन्यास- 2020

 लोकप्रिय साहित्य के लिए यह हर्ष का विषय है की अपने समय की चर्चित मासिक पत्रिका 'नीलम जासूस कार्यालय' पुनः प्रकाशन के क्षेत्र में सक्रिय हो रही है। 

   नीलम जासूस के अंतर्गत वेदप्रकाश काम्बोज जी के सात उपन्यास पुनः प्रकाशित हो रहे हैं।

प्रकाशक महोदय लिखते हैं-

आज के दिन मुझे यह घोषणा करते हुए बेहद ख़ुशी हो रही है की आप के प्रिय लेखक श्री वेद प्रकाश काम्बोजजी के 7 उपन्यास नीलम जासूस कार्यालय द्वारा शीघ्र ही प्रकाशित किये जा रहे हैं।

1.  बदमाशों की बस्ती
2.  देवता का हार
3.  अनोखा कैदी
4.  अलफांसे
5.  विजय पाकिस्तानी कैद में
6.  विद्रोह की आग
7.  चीते की आँख



बुधवार, 9 सितंबर 2020

मौत का तांडव- संतोष पाठक

मौत का तांडव- संतोष पाठक
नये उपन्यास 'मौत का तांडव' का कुछ अंश...
अश्विन पण्डित सीरीज

कोहिमा में चांग और उसकी फौज से टकराने के बाद - या फिर यूं कह लें कि अपनी जान गंवाने से बाल बाल बचा - अश्विन पंडित आखिरकार सकुशल बेगूसराय पहुंचने में कामयाब हो गया। ये अलग बात थी कि लीना रेंगमा उसके साथ जोंक की तरह चिपकी हुई थी, आत्महत्या करने पर उतारू लीना ने उसकी हालत सांप छछूंदर वाली बना कर छोड़ी थी, लिहाजा न उगलते बनता था ना निगलते बनता था। लीना को मरता वह देख नहीं सकता था और उसकी जान बचाने की खातिर उसे साथ लिये लिये फिरना उसे मंजूर नहीं था। आखिरकार इस समझौते के तहत वह लीना को अपने साथ ले आया कि कुछ रोज वहां रहने के बाद लीना गुवाहाटी वापिस लौट जायेगी। 

          वैसा सोचते वक्त अश्विन को सपने में भी ख्याल नहीं आया था कि बेगूसराय में एक नया चांग - उसकी लाश गिराने को दृढ़ प्रतिज्ञ बैठा - उसका इंतजार कर रहा था। ऐसे में ना चाहते हुए भी लीना की भूमिका ‘मौत का तांडव‘ में अहम हो उठी। फिर शुरू हुआ घात-प्रतिघात का कभी ना खत्म होने वाला ऐसा खेल जिसने बेगूसराय की धरती को रक्तरंजित कर के रख दिया। 

मंगलवार, 25 अगस्त 2020

दूसरा चेहरा- अजिंक्य शर्मा

दूसरा चेहरा- अंजिक्य शर्मा
 उपन्यास 'दूसरा चेहरा' का एक अंश-

इंस्पेक्टर सुबीर पाल ने होटल जश्न की छठवीं मंजिल पर स्थित कमरा नम्बर 303 में कदम रखा।
वो उस तरह के शानदार होटलों में मिलने वाले सुइट्स की तरह ही एक शानदार सुइट था, जिसमें कुल तीन रूम थे। एक बाहर वाला हॉलनुमा रूम, उसे पार करके अंदर एक छोटा रूम और आखिर में तीसरा व आखिरी कमरा।
लाश सबसे बाहर वाले कमरे में ही पड़ी थी।
       इंस्पेक्टर ने गौर से लाश का मुआयना किया। वो कोई 30-32 वर्ष का सेहतमंद ऊंची कद-काठी वाला युवक था। उसके गले के पास खून का छोटा-सा तालाब जैसा बन कर सूख भी चुका था। गले पर धारदार हथियार से काटे जाने का निशान था। 

       कुछ देर उस कमरे में रूकने के पश्चात इंस्पैक्टर पाल अगले कमरे को पार करते हुए सबसे अंदर वाले कमरे-बैडरूम में पहुंचा। वहां सब इंस्पैक्टर दिनेश रावत और पुलिस का डॉक्टर वी.के. खुराना पहले ही मौजूद थे। 

शुक्रवार, 24 जुलाई 2020

उपन्यास मार्च- जुलाई 2020

नमस्ते पाठक मित्रो,
सन् 2020 'कोरोना काल' बहुत से नये उपन्यास बाजार में आये और कुछ रिप्रिंट भी। हालांकि इस समय में ebook पर उपन्यास प्रकाशित हुये और फिर हार्डकाॅपी में, कारण यह रहा की lockdown चलते प्रिटिंग का काम बंद रहा।
अब lockdown हट गया है और उपन्यास हार्डकाॅपी में आने आरम्भ हो गये हैं। हालांकि कुछ कारणों से ब्लॉग पर फरवरी बाद के नये उपन्यासों की सूचना अपडेट न हो पायी। अब आप मार्च से लेकर जुलाई तक के उपन्यासों की सूचना एक साथ यहाँ पर पढ सकते हो।

रवि पॉकेट बुक्स
1. टोपाज- कंवल शर्मा
रवि पॉकेट बुक्स से कंवल शर्मा का नवीनतम उपन्यास टोपाज 25 जुलाई 2020 को प्रकाशित हो चुका है।
कंवल जी के पाठक को इस उपन्यास का बेचैनी से इंतजार है।

2. शालीमार- जेम्स हेडल चेईज
जेम्स हेडल चेईज के उपन्यास ....का हिन्दी अनुवाद 'शालीमार' शीर्षक से हसन अल्मास ने किया है।
हसन अल्मास जी का यह प्रथम अनुवाद है।
3. गुण्डागर्दी- अनिल मोहन
अनिल मोहन जी के उपन्यास 'गुण्डागर्दी' का रिप्रिंट भी आ रहा है। यह देवराज चौहान सीरीज का उपन्यास है।


थ्रिल वर्ल्ड
             थ्रिल वर्ल्ड के तत्वाधान में संतोष पाठक जी और इकराम फरीदी जी के उपन्यास आये हैं। lockdown के चलते जो उपन्यास eBook में आये थे वे सब हार्डकाॅपी में आ रहे हैं।
1. इन साइडजाॅब- संतोष पाठक
संतोष पाठक जी का विशाल सक्सेना सीरीज उर्फ पनौती सीरीज का तृतीय उपन्यास पाठक के लिए प्रस्तुत है।

इन साईड जाॅब की एक झलक देखें
     वर्षा अवस्थी को पति की हत्या के इल्जाम में रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया था। पुलिस की निगाहों में वह ओपेन ऐंड शट केस था, क्यों कि मुलजिम खुद ये कबूल कर रही थी कि वह अंजाने में रिवाल्वर का ट्रैगर दबा बैठी थी। एक तरफ पुलिस मामले को इरादतन की गई हत्या साबित करने पर तुली थी तो दूसरी तरफ मुलजिम का वकील उसे गैरइरादतन हत्या साबित करने पर जोर दे रहा था। जबकि उन सब से अलग विशाल सक्सेना उर्फ पनौती का दावा था कि इरादतन या गैरइरादतन, वर्षा अवस्थी ने कभी कोई गोली नहीं चलाई थी।

2. कैच मी इफ यू कैन- संतोष पाठक

          विशाल सक्सेना उर्फ पनौती सीरीज का यह शानदार कारनामा lockdown के चलते ebook में आयट था अब यह पाठक के लिए हार्डकाॅपी में उपलब्ध है।
इस उपन्यास पर एक पाठक की प्रतिक्रिया देखें
अद्भुत,अद्भुत,अद्भुत। थ्रिलर और सस्पेंस का अनूठा संगम। कई बार सांस उपर की उपर नीचे की नीचे रह जाती है। जासूसी साहित्य के नए बादशाह की एक और अनूठी कृति। सच पूछिए तो प्रशंसा लिखने को शब्द नहीं सूझ रहे। ग़ज़ब का उपन्यास है।
यह वास्तव में एक अविस्मरणीय रचना है।
उपन्यास समीक्षा इस लिंक पर उपलब्ध है।

3. मर्डर इन लाॅकडाउन- संतोष पाठक
यह उपन्यास लाॅकडाउन पर आधारित एक रोचक मर्डर मिस्ट्री है।
कैसे उपन्यास नायक विक्रात गोखले एक सिगरेट की लत के चलते एक कत्ल के अपराध में पकड़े जाते हैं और कैसे वह लाॅकडाउन की परिस्थितियों में अपनी इन्वेस्टिगेशन करते हैं।
यह एक एक रोचक उपन्यास है।
उपन्यास समीक्षा - मर्डर इन लाॅक डाउन- संतोष पाठक

3. द साइलेंट मर्डर- संतोष पाठक
Lockdown में अगर किसी लेखक ने कम‌ समय में अधिक उपन्यास लिखे तो वह नाम है संतोष पाठक जी का।
द साइलेंट मर्डर एक रोचक मर्डर मिस्ट्री है।

4. अवैध- एम. इकराम फरीदी

हर बार नये कथानक पर उपन्यास लिखने वाले एक. इकराम फरीदी जी का अवैध उपन्यास भी खूब चर्चा में रहा।
यह उपन्यास पहले ebook में प्रकाशित हुआ था। यह एक शृंखलाबंद्ध उपन्यास है जिसके भाग निम्न हैं।
1. अवैध
(समीक्षा - अवैध- इकराम फरीदी
2. जुर्म का ओवरटेक
3. अनंत


बुक कैफे
बुक कैफे अपने अच्छे गेटअप और उच्च मूल्य के कारण जाना जाता है। बुक कैफे से नये और रिप्रिंट निरंतर आ रहे हैं।
1. फंस जाओ मेरे लिए- अमित खान
    तुम मरोगी मेरे हाथों- अमित खान

     औरत कभी उधार नहीं रखती। मोहब्बत, इज्ज़त, नफ़रत, वफ़ा, सब दोगुना करके लौटाती है । ऐसी ही रीटा सान्याल थी। वह जितनी खूबसूरत थी, उतनी ही खतरनाक भी। अपनी माँ की तबाह हो चुकी ज़िन्दगी का बदला लेने के लिए उसने एक ऐसी मर्डर प्लानिंग रच डाली कि सब चौंक उठे।

‘नाइट क्लब’ और ‘मैडम नताशा का प्रेमी’ की ज़बरदस्त कामयाबी के बाद ‘अमित खान’ की लोह-लेखनी से निकले 2 और सुपरहिट थ्रिलर- ‘फँस जाओ मेरे लिये’ और ‘तुम मरोगी मेरे हाथों’। दोनों उपन्यास अब एक साथ।
वह 2 बेहद शानदार थ्रिलर, जिन्हें आप बारम्बार पढना चाहेंगे।
2. वारलाॅक- विक्रम ई. दीवान   
       हाॅरर श्रेणी के इस चर्चित उपन्यास का हिन्दी अनुवाद बुक कैफे से आ रहा है।
यह अपनी तरह का एक रोंगटे खड़े कर देने वाला उपन्यास है।
3. गेम- अनिल मोहन
अनिल मोहन जी के रिप्रिंट निरंतर विभिन्न प्रकाशन संस्थानों से आ रहे हैं।
गेम एक तेज रफ्तार उपन्यास है।


सूरज पॉकेट बुक्स 


1. कानून की आँख- परशुराम (रिप्रिंट)
        अगर कोई क़त्ल हो जाये पर उसका न्याय मांगने वाला कोई न हो तो कानून क्या करेगा?
अगर कोई अपराधी गवाहों को अदालत तक पहुंचने न दे तो कानून उसे कैसे सजा देगा?
अगर समाज के इज्जतदार लोग जरायम में लिप्त हों, जिनके खिलाफ कहीं कोई सबूत न हो, जिनके बलबूतों पर चुनाव जीते जाते हों, क्या ऐसे लोगों के खिलाफ कोई कानून से इंसाफ मांग सकता है?

2. बाज़ -परशुराम शर्मा
       - बाज़ यानी विनाश, मासूम-सा एक नौजवान जो मुहब्बत की जंग हारने के बाद कातिलों की रणभूमि में कूद पड़ा । विनाश, मार्शल आर्ट के मास्टर शाईतैन का शाहकार था, बाबा चन्दन ने उसे बचपन से योग और पहलवानी की दीक्षा दी थी और बहराम उसे राष्ट्र की संपत्ति बनाकर “बाज़ीगर” का खिताब देने के लिये तैयार था । जादूगर लेखक परशुराम शर्मा का एक अतिरोमांचक किरदार जिसके सोचने, लड़ने और अपने दुश्मन को धूल चटाने के अंदाज पर आप स्तब्ध रह जाएंगे।
  
3. हेरोइन - एस सी बेदी
        एक ऐसा गैंग हेरोइन के नशे से युवा पीढ़ी को बर्बाद कर देश को कमजोर बनाना चाहता था। उस गैंग को तबाह करने के लिए उतरे राजन, इकबाल, सलमा, शोभा, मोहिनी व देवदत्त। 1500 के करीब बाल उपन्यास लिखने वाले राजन-इकबाल के जन्मदाता एस. सी. बेदी द्वारा लिखित अंतिम उपन्यास।

4. खाकी से गद्दारी - अनिल मोहन
- खाकी पहनकर, इंस्पेक्टर सूरजभान यादव बनकर, देवराज चौहान जेल मे खतरनाक आतंकवादी जब्बार मलिक तक जा पहुंचा, फिर…देवराज चौहान सीरीज़ का विस्फोटक उपन्यास

5. आखिरी मिशन - शुभानन्द
- साजिशों के मकड़जाल में गिरफ्त हिंदुस्तान जिसे युद्ध की आग से बचाने के लिये अब ज़रूरत थी उन जासूसों की जो अपनी जान की बाज़ी लगा इस जाल को तार-तार कर दें। क्या वे सफल हो पाएंगे ? या ये होगा उनका…आखिरी मिशन ? युरोप से साउथ ईस्ट एशिया और हिन्द महासागर के गर्भ तक फैली रहस्य, रोमांच और एक्शन से भरपूर एक अनोखी दास्तान।

6. 11:59 - मिथिलेश गुप्ता (समीक्षा)
- कहते हैं कि एक भयानक दुर्घटना कई जिंदगियां बदल देती है। उस रात हम लोगों के साथ भी वैसा ही कुछ हुआ। घड़ी की बढ़ती सुईयों के साथ जब साक्षात मौत हमारे सिर मंडराने लगी, बचपन से सुने सारे डरावने किस्से हमारी आंखों के सामने घूमने लगे।
    यह हाॅरर श्रेणी का रोचक सिक्विल उपन्यास है।

7. रोड ट्रिप -देवेन्द्र पाण्डेय

- तीन अनजाने जो मित्र बने। पहली मुलाकात और पहली ही मुलाकात में रोड ट्रिप की योजना, तीन यात्राएं, तीन पड़ाव, तीन कहानियां, लेकिन मंजिल एक। जिंदगी की परेशानियों और उलझनों से जूझ रहे तीन अनजाने दुनिया जहान को भुला कर एक अनोखे सफर पर निकल पड़े, एक ऐसे अनुभव के लिए जिसने उन्हें बदल कर रख दिया। यात्रा जो मुम्बई के मैदानों से आरम्भ होकर उत्तराखंड की बर्फीली चोटियों तक पहुंच जाती है, जहां उनका सामना उनकी नियति से होता है। नियति जो जीवन मरन से परे जाकर उनके अस्तित्व को ही बदल कर रख देती है। रास्तों में मंजिल खोजने की कहानी।

8. किस्मत का खेल -अनुराग कुमार जीनियस

अनराग जी का यह तृतीय उपन्यास है।
- निहाल चक्रवर्ती एक सफल युवा बिजनेसमैन था। वर्क इज वर्शिप उसकी जिंदगी का वो पैमाना था जिससे उसने अपनी अब तक की मुकम्मल जिंदगी को हमेशा मापा था। भगवान, किस्मत जैसी चीजों को वह वाहियात मानता था। एक दिन वह एक फकीर से जा टकराया जिसने उसके बारे में कुछ अजीबोगरीब भविष्यवाणियां की जिसे सुनकर निहाल ने ठहाका लगाया। पर बाद में उस फकीर की भविष्यवणियां एक एक करके सच साबित होती गईं।

9. दौलत का खेल -जेम्स हेडली चेइज़

           हिन्दी अनुवाद
- जोई लक और उसकी बेटी सिंडी की ज़िंदगी छोटे-मोटे अपराधों के सहारे कट रही थी । मयामी से भागे पेशेवर मुजरिम विन पिन्ना के साथ जुड़ने से उनके हौसले बढ़े और उन्होंने चर्चित अभिनेता डॉन एलियट का अपहरण कर लिया । पर एलियट के पास उनके लिये दौलत का एक बड़ा खेल खेलने का ऑफर था।


शब्दगाथा
रमाकंत मिश्र और सब्बा खान जी के संयुक्त प्रकाशन से प्रथम चरण में बहुत अच्छे उपन्यास आये हैं।

1. महासमर- रमाकांत मिश्र, सब्बा खान
दो भागों में विस्तृत इस महागाथा का प्रथम भाग सूरज पॉकेट बुक्स से आया था और अब द्वितीय भाग शब्दागाथा से आया है‌
यह उपन्यास लोकप्रिय साहित्य में अपनी विशिष्टता के चलते बहुत लोकप्रिय हुआ।
अमेजन लिंक- महासमर

2. अवंतिका- चन्द्रप्रकाश पाण्डेय

पाण्डेय जी की अपनी एक विशेष शैली है। यह चन्द प्रकाश जी का उपन्यास ebook के रूप में बहुत लोकप्रिय हुआ था और इसी के चलते यह हार्डकाॅपी में आ रहा है।
एक अविस्मरणीय रोचक उपन्यास।
अमेजन लिंक- अवंतिका

   ब्लॉग साहित्य देश की तरफ से जुलाई 2020 तक के उपन्यासों का विवरण देखे का एक अल्प प्रयास है। इस प्रयास में कुछ उपन्यास हमारी दृष्टि से चूक भी सकते हैं और कुछ का विवरण दोबारा भी आ सकता है। 
     अगर कुछ उपन्यास अभी भी रह गये हो तो पाठक मित्र आप सूचित कीजिएगा।
धन्यवाद
साहित्य देश
- sahityadesh@gmail.com



मंगलवार, 31 मार्च 2020

नये उपन्यास- मार्च 2020

नमस्कार
एक बार हम‌ फिर उपस्थित हैं कुछ नये उपन्यासों की जानकारी के साथ।
      पूरा विश्व जहाँ 'कोरोना वायरस' से लड़ रहा है, दुनिया lockdown में बैठी है। इस स्थिति में घर पर बैठना भी इस समस्या का एक समाधान है।
    अब घर पर बैठे हैं तो कुछ पढ भी लिया जाये। इस स्तंभ में हम नये उपन्यासों के साथ -साथ उन नये उपन्यासों की चर्चा भी करेंगे जो किंडल पर प्रकाशित हुए हैं।


1. आखिरी मिशन- शुभानंद,‌ सूरज पॉकेट बुक्स
           सूरज पॉकेट बुक्स से प्रकाशित यह उपन्यास 'जाॅन अमर जावेद' सीरीज का है। उम्मीद है यह उपन्यास इस सीरीज के अन्य उपन्यासों की तरह रोचक होगा। 


2.  11:59 - मिथिलेश गुप्ता, सूरज पॉकेट बुक्स
       इस उपन्यास का शीर्षक तो स्वयं में रोचक है। यह मित गुप्ता जी का हाॅरर उपन्यास है। 'वो भयानक' रात की तरह उम्मीद करते हैं यह समय भी हाॅरर होने वाला है।
         कहते हैं कि एक भयानक दुर्घटना कई जिंदगियां बदल देती है। उस रात हम लोगों के साथ भी वैसा ही कुछ हुआ। घड़ी की बढ़ती सुईयों के साथ जब साक्षात मौत हमारे सिर मंडराने लगी, बचपन से सुने सारे डरावने किस्से हमारी आंखों के सामने घूमने लगे।

'वो भयानक रात' ,'जस्ट लाइक दैट' और 'तेरी इश्क़ वाली खुशबू' के लेखक की कलम से...
   यह उपन्यास किंडल पर प्रकाशित हो चुका है। 

लिंक- 11:59_ दशहत का अगला पड़ाव


3. रोड ट्रिप- देवेन पाण्डेय, सूरज पॉकेट बुक्स
      यह देवेने पाण्डेय जी का तृतीय उपन्यास है। और यह उनका पहले दोनों से अलग उपन्यास है। यह तीन‌ लोगों की तीन यात्राएँ हैं, जो पाठक को बहुत कुछ नया प्रदान करती हैं। तीन लोग, तीन यात्रा, तीन अनुभव।

4. खाकी से गद्दारी- अनिल मोहन, सूरज पॉकेट बुक्स
    खाकी से गद्दारीका  नया संशोधित संस्करण
इस बार देवराज डकैती की जगह जा पहुंचता है खतरनाक आतंकवादी जब्बार से मिलने सीधे जेल में। फिर वह उसे जेल से भगा देता है। पर ...क्यों? और कैसे ? आइये पता करें।


5. अवैध - एम. इकराम फरीदी, थ्रिल वर्ल्ड

          उनका रिश्ता अवैध था क्योंकि उम्र का बड़ा फासला था लेकिन वह लड़की दुनिया की रस्मों को उन कोण से स्वीकार नहीं करती थी, दुनिया ने जिस स्तर से तामीर कर रखी थी। उसने जिंदगी के अपने उसूल बना लिए थे। अभी उम्र ही कितनी थी उसकी। अभी तो वोट देने का अधिकार भी उससे कई माह दूर था लेकिन उसकी दिव्य दृष्टि में मानो मानव सभ्यता के तीस लाख वर्ष समाहित थे।
मगर....
      यह तत्पश्चात उसे पता चला कि दुनिया की रस्में उतनी खोखली नहीं थी कि जितना उसने जान रखी थी। जब उसे पता चला कि दुनियावी रस्मो के धरातल में कहीं ना कहीं प्रकृति की अनुमति शामिल है ,तब तक बहुत देर हो चुकी थी और प्रकृति उस लड़की से उसकी हठधर्मिता की क़ीमत वसूलना शुरू कर दी थी।
जिसका आधार रक्तरंजित था।

    किंडल लिंक  अवैध- एम. इकराम फरीदी
    

शनिवार, 4 जनवरी 2020

जनवरी 2020 के उपन्यास

उपन्यास प्रेमियों के लिए वर्ष 2020 बहुत से अच्छे उपन्यास लेकर आ रहा है।
वर्ष का आरम्भ 'विश्व पुस्तक मेला- नई दिल्ली' से हो रहा है और यह भी खुशी की बात है की गत वर्ष की तरह इस वर्ष भी लोकप्रिय जासूसी साहित्य मेले में अपनी उपस्थित दर्ज करवा रहा है।

1. तकदीर का तोहफा- सुरेन्द्र मोहन पाठक
सूरज पॉकेट बुक्स के अंतर्गत पहली बार सुरेन्द्र मोहन पाठक जी प्रकाशित हो रहे हैं। पाठक जी की कहानियों का संकलन हैं



2. काला नाग- सुरेन्द्र मोहन पाठक
         सन् 2020 में पाठक जी का एक और उपन्यास आ रहा है जिसका नाम है 'काला नाग'। यह हिन्द पॉकेट बुक्स से प्रकाशित होगा‌।
       शीर्षक की दृष्टि से देखे तो यह शीर्षक पाठक जी के अन्य उपन्यासों से थोड़ा सा अलग हटकर है।

2. देव -भक्ति- राम पुजारी
सामाजिक विषयों को अपनी लेखनी से नया रंग देने वाले लेखक राम पुजारी का तृतीय उपन्यास 'देव भक्ति- आस्था का खेल' गुल्ली बाबा पब्लिकेशन से विश्व पुस्तक मेले में 06.01.2020 को विमोचित होगा।
इसी पुस्तक मेले में राम पुजारी जी का चौथा उपन्यास निखिल प्रकाशन एण्ड डिस्ट्रीब्युटर से आयेगा, हालांकि अभी तक उपन्यास विमोचन की दिनांक घोषित नहीं की गयी।

3. सुल्तान सुलेमान-डाॅ. मंजरी शुक्ला
कम समय में पुख्ता पहचान बनाने वाले flydreams पब्लिकेशन ने साहित्य जगत को अदभुत मोती प्रदान किये हैं।
इसी क्रम में डाॅ. मंजरी शुक्ला जी का बाल उपन्यास 'सुल्तान सुलेमान और सात चेहरों का रहस्य' भी आ रहा है।
 
        
4. Book Cafe
अमित खान जी के प्रकाशन Book cafe में जेम्स हेडली चेईज का उपन्यास 'डू मी अ फेवर- ड्राॅप डेड' का हिन्दी अनुवाद 'खूबसूरत जाल' प्रकाशित हो रहा है।





सन् 2020 के आरम्भ में अमित खान जी के स्वयं के कुछ उपन्यास रिप्रिंट में आ रहे हैं।
कमाण्डर करण सक्सेना सीरीज के दो निम्नलिखित उपन्यास आ रहे हैं।
- कौन जीता कौन हारा
- आतंकवादी
आपको यह पोस्ट कैसी लगी कमेंट कर के अवश्य बतायें।
धन्यवाद
साहित्य देश

गुरुवार, 3 अक्टूबर 2019

नये उपन्यास, अक्टूबर-2019

उपन्यास पाठकों के लिए सूरज पॉकेट बुक्स लेकर आ रहा है कुछ बेहतरीन पठनीय उपन्यास।

  सूरज पॉकेट बुक्स के इस बार उपन्यास आवरण बहुत शानदार और आकर्षक है।

सूरज पॉकेट बुक्स का नया सेट (October 2019)
ऐसी किताबें जिनका आपको बेसब्री से इंतज़ार था.

1. इन्का – परशुराम शर्मा
                 जादूगर लेखक ‘परशुराम शर्मा’ की अद्भुत लेखनी से         
               निकला एक विशेषांक, जो तंत्र मन्त्र और पैरासाइकोलोजी
              जैसे विषय पर लिखा एक अनूठा नायब तोहफा है सभी   
              पाठकों के लियेेे। मूल उपन्यास के पांच पार्टों को एकत्रित कर इस उपन्यास तीन भागों में प्रकाशित किया जायेगा।
शानदार नया आवरण
  













  

2. अंतर्द्वंद्व – शुभानंद
                    जाने वाले लेखक ‘शुभानन्द’ की करिश्माई कलम से निकली जावेद अमर जॉन सीरीज़ का एक बेजोड़ रहस्य, थ्रिल और रामंच से भरपूर स्पाई थ्रिलर।

3. चक्रव्यूह – मोहन मौर्य
                     ‘एक हसीन क़त्ल’ से ख्यातिप्राप्त लेखक ‘मोहन मौर्य’ का नया जलजला. एक ऐसा थ्रिलर जो राजनीति, भ्रष्टाचार और सम्प्रदायिक साजिश पर आधारित  है।


4. कमीना – शुभानंद
                   लेखक शुभानन्द जी के बहुचर्चित उपन्यास का नया विस्तारित  संस्करण एक नये आवरण के साथ. इस  संस्करण में पिछले पेपरबैक संस्करण के मुकाबले  क्लाइमेक्स को  विस्तारित किया गया है।



उपन्यास आॅर्डर के लिए इस लिंक पर जायें।


शनिवार, 14 सितंबर 2019

नये उपन्यास- 2019

जासूसी उपन्यास साहित्य में एक के बाद एक बेहतरीन उपन्यासों का प्रकाशित होना एक अच्छी खबर है। उस बार तो उपन्यास ही नहीं बल्कि प्रकाशन संस्थान भी नया है।
नये उपन्यास
1. चैलेंज होटल- एम. इकराम फरीदी
      प्रकाशन तिथि- 15.09.2019
            यह उपन्यास लेखक के जीवन में घटित एक सत्य घटना पर आधारित है। एम. इकराम फरीदी पहली बार हाॅरर कथानक के साथ उपस्थित हैं।
       उम्मीद है यह उपन्यास पाठको को पसंद आयेगा। इसी उपन्यास के साथ फरीदी जी ने अपने प्रकाशन संस्थान 'थ्रिल वर्ल्ड' की शुरुआत की है।
         फरीदी जी का आगामी उपन्यास 'अवैध' है।
एमेजन लिंक


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 लोकप्रिय उपन्यास साहित्य को समर्पित मेरा एक ब्लॉग है 'साहित्य देश'। साहित्य देश और साहित्य हेतु लम्बे समय से एक विचार था उपन्यासकार...